Multai News : शहर में पेयजल की गुणवत्ता और सुरक्षित आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए नगर पालिका द्वारा व्यापक जांच और सुधार अभियान शुरू किया गया है। नगर पालिका की जल प्रदाय शाखा ने शास्त्री, राजीव गांधी और तिलक वार्डों में पुरानी पेयजल पाइपलाइनों तथा नालियों के समीप स्थित नल कनेक्शनों का गहन निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान नालियों के पास लगे कई नल कनेक्शन पाए गए, जिन्हें स्वास्थ्य की दृष्टि से खतरनाक मानते हुए तत्काल प्रभाव से विच्छेद कर दिया गया। इसके साथ ही वर्षों पुरानी और जर्जर हो चुकी पाइपलाइनों को हटाकर नई पाइपलाइन बिछाने का कार्य भी तेज़ी से शुरू कर दिया गया है।

विभिन्न वार्डों में चल रहा निरीक्षण अभियान
नगर पालिका के अधिकारी योगेश अनेराव और अर्जुन पिपले के नेतृत्व में गठित टीम शहर के अलग-अलग वार्डों में पाइपलाइन नेटवर्क की जांच कर रही है। अधिकारियों के अनुसार जिन पाइपलाइनों का मार्ग नालियों के भीतर या उनके समीप से गुजर रहा है, उन्हें हटाकर सुरक्षित स्थान से दोबारा बिछाया जा रहा है, ताकि दूषित पानी की आशंका समाप्त हो सके।
शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई
जल प्रदाय शाखा के अधिकारी योगेश अनेराव ने बताया कि निरीक्षण के दौरान नागरिकों से सीधे संवाद कर गंदे, बदबूदार या दूषित पानी की शिकायतें भी दर्ज की जा रही हैं। शिकायत मिलते ही संबंधित क्षेत्र में तत्काल जांच कर आवश्यक सुधार किए जा रहे हैं।
मुख्य जल आपूर्ति लाइन बदले जाने की तैयारी
शहर की प्रमुख जल आपूर्ति लाइन, जो नागपुर नाके की टंकी से गांधी चौक होते हुए कन्या स्कूल तक जाती है, को भी पूरी तरह बदलने की योजना तैयार की गई है। नगर पालिका ने इसके लिए लगभग 1 करोड़ रुपए की अनुमानित लागत तय की है और प्रशासनिक प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि इस लाइन के बदलने से शहर की जल आपूर्ति व्यवस्था में बड़ा सुधार होगा।
ताप्ती वार्ड में नई पाइपलाइन से शुरू हुई सप्लाई
इसी क्रम में ताप्ती वार्ड में पुरानी और खराब हो चुकी पाइपलाइन को हटाकर नई पाइपलाइन बिछा दी गई है, जिससे वहां नियमित जल आपूर्ति शुरू हो गई है। नगर पालिका ने आने वाले दिनों में अन्य वार्डों में भी इसी तरह के सुधार कार्य किए जाने की बात कही है।






