Betul Mandi News : बैतूल। जिले की कृषि उपज मंडी में अव्यवस्था के चलते किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। हमालों द्वारा अवकाश लेने के बाद मंडी प्रबंधन ने बिना पर्याप्त सूचना के मंडी बंद कर दी, जिससे दूर-दराज से पहुंचे किसान अपनी उपज बेचने से वंचित रह गए।
हमालों की छुट्टी से ठप हुई तुलाई
मंडी सूत्रों के अनुसार, शादियों के सीजन के चलते हमालों ने अवकाश लिया था। मंडी में करीब 1500 हमाल कार्यरत हैं और बड़ी संख्या में उनके अनुपस्थित रहने से तुलाई का काम पूरी तरह बंद हो गया। इसके चलते मंडी में खरीदी प्रक्रिया ठप हो गई।
SDM को भी नहीं दी गई सूचना
इस मामले में बड़ी लापरवाही सामने आई है। मंडी बंद होने की जानकारी भारसाधक अधिकारी एसडीएम अभिजीत सिंह को भी नहीं दी गई। उन्होंने स्वीकार किया कि मंडी सचिव ने उन्हें अवकाश के संबंध में कोई सूचना नहीं दी, जबकि नियमों के अनुसार उनकी अनुमति जरूरी होती है।
प्रबंधन के दावे पर सवाल
मंडी प्रबंधन का कहना है कि एक दिन पहले उद्घोषणा और व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से सूचना दी गई थी, लेकिन यह व्यवस्था नाकाफी साबित हुई। बाहर से आने वाले कई किसानों तक यह जानकारी नहीं पहुंच सकी, जिससे वे बिना तुलाई कराए वापस लौटने को मजबूर हुए।
चरम पर आवक, खरीदी प्रभावित
वर्तमान में गेहूं और मक्का की आवक चरम पर है, लेकिन मंडी बंद रहने से खरीदी बुरी तरह प्रभावित हो रही है। वहीं, पंजीकृत खरीदारों की निष्क्रियता भी सवालों के घेरे में है। जानकारी के मुताबिक, मंडी में केवल आधा दर्जन खरीदार ही सक्रिय हैं, जबकि अन्य लाइसेंसधारी निष्क्रिय पड़े हैं। आरोप है कि एक ही फर्म के कई नामों से लाइसेंस लिए गए हैं, जिनकी समीक्षा कर निष्क्रिय लाइसेंस रद्द किए जाने चाहिए।
स्लॉट बुकिंग भी ठप, बढ़ी किसानों की परेशानी
किसानों की मुश्किलें तब और बढ़ गईं जब पिछले दो दिनों से सरकारी खरीदी के स्लॉट भी बुक नहीं हो पा रहे हैं। सोमवार और मंगलवार के बाद बुधवार को भी स्लॉट बुकिंग नहीं हो सकी।
किसान नेता ने उठाए सवाल
किसान नेता रमेश गायकवाड़ ने बताया कि छुट्टी की जानकारी उन्हें भी उसी दिन मिली। उन्होंने कहा कि पर्याप्त प्रचार-प्रसार न होने से किसान भ्रमित हो गए और कई किसान मंडी पहुंचकर बिना उपज बेचे लौटने को मजबूर हुए।
प्रशासन से कार्रवाई की मांग
किसानों और किसान संगठनों ने मामले की जांच कर जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई और मंडी व्यवस्था में सुधार की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति से बचा जा सके।






