Betul samachar : बैतूल जिले के आमला थाना क्षेत्र के ग्राम मोवाड की महिलाओं ने सोमवार को सरपंच शेषराव और जायस नेता सोनू धुर्वे के नेतृत्व में कलेक्ट्रेट पहुंचकर गांव में फैली अवैध शराब की बिक्री पर रोक लगाने की मांग की। महिलाओं ने कलेक्टर कार्यालय में लिखित शिकायत सौंपकर कहा कि स्थिति दिन-ब-दिन बिगड़ती जा रही है।
कई बार शिकायत के बावजूद कार्रवाई शून्य
महिलाओं ने अधिकारियों को बताया कि वे कई महीनों से कच्ची और अवैध शराब बेचने वालों के खिलाफ आवाज उठा रही हैं, लेकिन अब तक किसी तरह की कार्रवाई नहीं हुई। उनका कहना है कि लगातार शिकायत करने के बाद अब शराब के अवैध कारोबार से जुड़े लोग उन्हें धमकाने तक लगे हैं।
गाँव की महिलाओं का आरोप है कि अवैध शराब के कारण कई परिवार आर्थिक और सामाजिक संकट में फंस गए हैं। घरों का माहौल बिगड़ रहा है और घरेलू हिंसा के मामलों में बढ़ोतरी हुई है।
शराब पीकर महिलाओं और बच्चों से मारपीट
शिकायत में महिलाओं ने बताया कि शाम होते ही कई पुरुष शराब के नशे में घर लौटते हैं और पत्नी-बच्चों से झगड़ा व मारपीट करते हैं। कई परिवारों में स्थिति इतनी खराब है कि शराब के लिए घर का सामान और महिलाओं के गहने तक बेच दिए जाते हैं।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कुछ शराब व्यापारी आदिवासी परिवारों की जमीनों पर दबाव बनाकर कब्जा कर रहे हैं, जिससे ग्रामीणों में भय का माहौल है।
कड़ी कार्रवाई की मांग, दोषियों की गिरफ्तारी की अपील
मोवाड की महिलाओं ने जिला प्रशासन से स्पष्ट मांग की कि गांव और उसके आसपास अवैध शराब के चल रहे कारोबार को तुरंत रोका जाए। उन्होंने संबंधित आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी और सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
महिलाओं का कहना है कि अगर समय रहते कार्रवाई नहीं हुई, तो वे बड़े स्तर पर आंदोलन करने को मजबूर होंगी।






