Betul Crime News : बैतूल में गुरुवार शाम एसपी कार्यालय में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब एक महिला अचानक छत पर चढ़ गई और कूदने की धमकी देने लगी। करीब आधे घंटे तक चले इस हाईवोल्टेज ड्रामे के बाद पुलिस ने कड़ी मशक्कत कर महिला को सुरक्षित नीचे उतारा। प्रारंभिक जांच में यह मामला पारदी ढाणा में दो गुटों के बीच हुए विवाद से जुड़ा सामने आया है।
जानकारी के अनुसार सोनाघाटी क्षेत्र के पारदी ढाणा में पारदी समाज के दो गुट—एक लखन पारदी और दूसरा नरेश-रामप्यारी पक्ष—के बीच गुरुवार शाम विवाद हो गया। विवाद बढ़ने पर नरेश-रामप्यारी पक्ष ने कोतवाली थाना पहुंचकर लखन, उसकी पत्नी निरम और नगमा सोलंकी के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई।
इसी दौरान लखन की पत्नी निरम ने कथित रूप से चूहे मार दवा पी ली, जिसके बाद उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। वहां तहसीलदार द्वारा उसके बयान दर्ज किए गए हैं।
मामले ने उस समय और गंभीर रूप ले लिया, जब लखन की दूसरी पत्नी नगमा उर्फ बबली सोलंकी पेट्रोल की बोतल लेकर सीधे एसपी कार्यालय पहुंच गई। छुट्टी का दिन होने के कारण कार्यालय में स्टाफ कम था, जिसका फायदा उठाकर वह छत पर चढ़ गई और गेट बंद कर लिया। इस दौरान वह कूदने की धमकी देती रही।
सूचना मिलते ही एएसपी कमला जोशी और एसडीओपी सुनील लाटा मौके पर पहुंचे और रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। महिला थाना टीआई कविता नागवंशी और हेड कांस्टेबल सविता की मदद से आखिरकार नगमा को सुरक्षित नीचे उतार लिया गया।
इस बीच आशंका जताई जा रही है कि नगमा ने कोई संदिग्ध तरल पदार्थ भी पी लिया, जिससे उसकी तबीयत बिगड़ गई। उसे जिला अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया है, जहां वह बेहोश हालत में है।
वहीं निरम ने आरोप लगाया है कि अलसया पारदी लंबे समय से उनके परिवार को प्रताड़ित कर रहा है और विवाद करवाकर उन्हें क्षेत्र छोड़ने के लिए दबाव बना रहा है। पुलिस अधीक्षक वीरेंद्र जैन के अनुसार, अलसया और लखन दोनों पर पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज हैं।
पुलिस ने पूरे मामले में दोनों पक्षों के खिलाफ क्रॉस केस दर्ज कर लिया है और प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की जा रही है। एसपी कार्यालय में हुए इस हंगामे को लेकर भी अलग से कानूनी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
फिलहाल दोनों महिलाओं का अस्पताल में इलाज जारी है और पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है।






