Betul Samachar: बैतूल जिले में आयोजित जनसुनवाई के दौरान ग्रामीणों ने प्रशासन के सामने अपनी वर्षों पुरानी समस्याएं रखीं। कई गांवों से पहुंचे लोगों ने बताया कि आज भी उन्हें बिजली और पेयजल जैसी मूलभूत सुविधाओं के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है।
रामपुर ग्राम पंचायत के अंतर्गत आने वाले ग्राम घोघरा के निवासियों ने जनसुनवाई में बताया कि आजादी के इतने वर्षों बाद भी उनके गांव तक बिजली नहीं पहुंच पाई है। ग्रामीणों का कहना है कि अंधेरे के कारण बच्चों की पढ़ाई बाधित हो रही है, वहीं रात के समय सांप-बिच्छू जैसे खतरनाक जीवों का डर बना रहता है। ग्रामीणों ने सामूहिक आवेदन सौंपते हुए मांग की कि आगामी चुनाव से पहले गांव में बिजली की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, क्योंकि यह हर नागरिक का बुनियादी अधिकार है।
इसी तरह ग्राम पंचायत पिपरिया (गुरुवा) के मोहला सरपंच ढाना क्षेत्र के ग्रामीणों ने पेयजल संकट की ओर प्रशासन का ध्यान आकर्षित किया। ग्रामीणों ने बताया कि करीब पांच साल पहले नल-जल योजना की शुरुआत तो हुई थी, लेकिन अब तक गांव में पानी की सप्लाई शुरू नहीं हो सकी है। इससे लोगों को रोजमर्रा की जरूरतों के लिए दूर-दराज भटकना पड़ रहा है।
ग्रामीणों ने कलेक्टर से जल्द से जल्द बिजली और पानी की समुचित व्यवस्था कराने की मांग की है। उनका कहना है कि योजनाएं कागजों तक सीमित रह गई हैं और गांवों तक विकास का लाभ नहीं पहुंच पाया है, जिससे हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं।






