Betul Samachar : मुलताई। मुलताई पुलिस ने फर्जी दस्तावेजों के सहारे डंपर चलाने और उसके अवैध उपयोग के एक गंभीर मामले का पर्दाफाश किया है। पुलिस को सूचना मिली थी कि शहर में एक डंपर संदिग्ध नंबर प्लेट के साथ संचालित किया जा रहा है। सूचना के आधार पर की गई कार्रवाई में बड़ा खुलासा हुआ।
थाना प्रभारी नरेंद्र सिंह परिहार के अनुसार, जांच के दौरान पुलिस टीम ने एक डंपर को पूनम साहू के निवास के पास खड़ा पाया। डंपर पर जो नंबर अंकित था, वह वास्तविक पंजीकरण से मेल नहीं खा रहा था। कागजात और तकनीकी जांच में सामने आया कि वाहन की असली पहचान छिपाने के लिए न केवल नंबर प्लेट बदली गई थी, बल्कि चेसिस नंबर से भी छेड़छाड़ की गई थी।
इंजन नंबर की ऑनलाइन जांच से पुष्टि हुई कि डंपर का मूल पंजीकरण उत्तर प्रदेश का है, जबकि उसे मध्यप्रदेश के नंबर के साथ चलाया जा रहा था। इससे यह स्पष्ट हो गया कि वाहन को फर्जी पहचान देकर इस्तेमाल किया जा रहा था।
पुलिस ने इस मामले में आरोपी पूनम साहू (33 वर्ष, नेहरू वार्ड, मुलताई) और मंसूर कुरैशी (46 वर्ष, भोपाल) को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। थाना मुलताई में अपराध क्रमांक 1138/25 के तहत भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। डंपर को भी जब्त कर लिया गया है।
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी नरेंद्र सिंह परिहार के साथ पुलिस टीम के अन्य सदस्यों की अहम भूमिका रही। पुलिस का कहना है कि अवैध वाहनों, फर्जी नंबर प्लेट और दस्तावेजों के खिलाफ अभियान आगे भी सख्ती से जारी रहेगा।






