Ambedkar Jayanti Betul : डॉ. B. R. Ambedkar की जयंती के अवसर पर बैतूल में एक प्रेरणादायक कार्यक्रम आयोजित किया गया, जहां नवजात बेटियों के सम्मान में विशेष पहल देखने को मिली। ताप्ती आनंद क्लब और शिक्षकों के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में अंबेडकर जयंती के दिन जन्मी बेटियों को चांदी के लॉकेट और बाबा साहेब के प्रतीक ‘भीम लॉकेट’ भेंट किए गए।
बेटियों के सम्मान की अनोखी पहल
कार्यक्रम में करीब एक दर्जन नवजात बेटियों का पूजन कर उन्हें सम्मानित किया गया। साथ ही उनकी माताओं को भी गौरव सम्मान प्रदान किया गया। बेटियों को चांदी के लॉकेट पहनाए गए और महिलाओं को ड्रायफ्रूट वितरित किए गए।
समानता का दिया संदेश
आयोजकों ने बताया कि इस पहल का मुख्य उद्देश्य समाज में बेटा-बेटी के बीच होने वाले भेदभाव को खत्म करना और समानता की भावना को बढ़ावा देना है। उन्होंने कहा कि आज भी कई स्थानों पर बेटे के जन्म पर खुशी और बेटी के जन्म पर निराशा देखी जाती है, जिसे बदलने की जरूरत है।
महिला अधिकारों पर डाला प्रकाश
कार्यक्रम संयोजक शैलेंद्र बिहारिया और शिक्षकों ने इस अवसर पर बाबा साहेब के विचारों को याद करते हुए बताया कि B. R. Ambedkar ने महिलाओं को समान अधिकार दिलाने के लिए महत्वपूर्ण संघर्ष किया। उन्होंने हिंदू कोड बिल के माध्यम से महिलाओं को तलाक, संपत्ति और पुनर्विवाह जैसे अधिकार दिलाने की दिशा में अहम योगदान दिया।
शिक्षा और सम्मान पर जोर
कार्यक्रम में मौजूद शिक्षकों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने बेटियों की शिक्षा, सम्मान और अधिकारों को बढ़ावा देने पर जोर दिया। इस पहल के जरिए समाज में समानता और सकारात्मक सोच को मजबूत करने का संदेश दिया गया।






