Betul Crime News : बैतूल। जनजातीय छात्रावासों के बिजली बिल भुगतान में गड़बड़ी कर करीब 40 लाख रुपये के घोटाले के मामले में कोतवाली पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 10 हजार रुपये के इनामी आरोपी गणेश उईके को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। मामले में एक अन्य आरोपी अभी फरार है, जिसकी तलाश जारी है।
IFMIS पोर्टल पर बनाए फर्जी वेंडर
पुलिस जांच में सामने आया कि वर्ष 2021 से 2025 के बीच जनजातीय कार्य विभाग के छात्रावासों के बिजली बिलों के भुगतान से जुड़ा यह घोटाला किया गया। आरोपियों ने IFMIS (इंटीग्रेटेड फाइनेंशियल मैनेजमेंट इंफॉर्मेशन सिस्टम) पोर्टल पर फर्जी वेंडर तैयार किए। इन वेंडरों के माध्यम से बिजली विभाग के नाम पर भुगतान दर्शाकर राशि निजी बैंक खातों में ट्रांसफर कर ली गई।
40 लाख 4 हजार 67 रुपये के गबन की पुष्टि
जांच में कुल 40 लाख 4 हजार 67 रुपये के गबन की पुष्टि हुई है। पुलिस के अनुसार कुछ मामलों में एक ही बिजली बिल का दो बार भुगतान किया गया—एक बार वास्तविक खाते में और दूसरी बार फर्जी खाते में। मामले में अब तक 5 लाख 24 हजार रुपये शासकीय चालान के माध्यम से वापस जमा कराए जा चुके हैं।
तकनीकी जांच से मिली सफलता
कोतवाली पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और विशेष अभियान के जरिए आरोपी को पकड़ने में सफलता हासिल की। पुलिस का कहना है कि पूरे नेटवर्क की जांच जारी है और फरार आरोपी को भी जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।
पुलिस की अपील
पुलिस ने आम लोगों और शासकीय कर्मचारियों से अपील की है कि ऑनलाइन भुगतान करते समय विशेष सावधानी बरतें, अपने लॉगिन आईडी और पासवर्ड गोपनीय रखें तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें।






