Betul Khabar : बैतूल। हिंदू धर्म में शक्ति, साहस और भक्ति के प्रतीक माने जाने वाले भगवान विष्णु के वाहन गरुड़ का दिव्य स्वरूप अब धातु कला के माध्यम से साकार हुआ है। युवा चित्रकार व कला गुरु श्रेणिक जैन और उनकी शिष्या उमा सोनी ने मिलकर लगभग 2000 छोटे-बड़े लोहे के टुकड़ों को वेल्डिंग तकनीक से जोड़ते हुए गरुड़ की भव्य प्रतिमा तैयार की है।
प्रतिमा में गरुड़ के विस्तृत पंख, तीव्र दृष्टि और प्रभावशाली मुद्रा को अत्यंत जीवंत रूप में उकेरा गया है। पारंपरिक आस्था और आधुनिक धातु शिल्पकला के इस अनोखे संगम ने कला प्रेमियों का विशेष ध्यान आकर्षित किया है।

कला गुरु श्रेणिक जैन ने बताया कि प्रतिमा निर्माण में कई दिनों की कड़ी मेहनत, सूक्ष्म योजना और तकनीकी कौशल की जरूरत पड़ी। वहीं शिष्या उमा सोनी ने कहा कि गुरु के मार्गदर्शन में इतनी विशाल धातु प्रतिमा बनाना उनके लिए गर्व और सीख का अमूल्य अनुभव रहा।
यह कलाकृति न केवल धार्मिक आस्था को अभिव्यक्त करती है, बल्कि युवाओं को सृजनात्मकता और भारतीय संस्कृति से जुड़ने का संदेश भी देती है। स्थानीय कला प्रेमियों ने इस प्रयास की सराहना करते हुए इसे जिले के लिए गौरवपूर्ण उपलब्धि बताया है।






